चेन्नई के ओरगडम स्थित ग्लोबल ऑटोमोटिव रिसर्च सेंटर में इलेक्ट्रिक और उन्नत वाहनों के परीक्षण की सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। भारी उद्योग मंत्रालय की 28 सितंबर की सूचना के अनुसार, केंद्र को पीएम ई-ड्राइव योजना से 221.13 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।

लगभग सभी प्रस्तावित उपकरणों के खरीद आदेश जारी हो चुके हैं और उन्हें लगाने का काम शुरू हो गया है। केंद्र में वाहन, कल-पुर्जे, उत्सर्जन, टिकाऊपन और सुरक्षा से जुड़े परीक्षण तथा प्रमाणन किए जाते हैं।

नई इमेजिंग प्रणाली क्रैश परीक्षण के दौरान वाहन में बदलाव, यात्रियों की गतिविधि और एयरबैग खुलने को रिकॉर्ड कर सकेगी। मंत्रालय ने यूएचडी-4के पर 750 फ्रेम प्रति सेकंड की क्षमता बताई है। उन्नयन जारी है; सभी नई सुविधाओं को पूर्ण रूप से चालू बताना सही नहीं होगा।