
साइबर ठगी से बचाव में सतर्कता पहली ढाल, दूरसंचार विभाग ने साझा किए व्यावहारिक उपाय
190 से अधिक प्रतिभागियों को फिशिंग, सोशल इंजीनियरिंग, मैलवेयर और वेबसाइट हमलों की पहचान व रिपोर्टिंग समझाई गई।

190 से अधिक प्रतिभागियों को फिशिंग, सोशल इंजीनियरिंग, मैलवेयर और वेबसाइट हमलों की पहचान व रिपोर्टिंग समझाई गई।

पुन:प्रयोग योग्य प्रक्षेपण, हरित व विद्युत प्रणोदन, कक्षा में सर्विसिंग और मानव अंतरिक्ष उड़ान पर केंद्रित अगला चरण।

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने स्वदेशी तकनीकों के व्यावसायिक उपयोग और विस्तार के लिए साझेदारी बढ़ाने पर जोर दिया।

शहर, राजमार्ग, हॉटस्पॉट और पैदल मार्गों पर 2G से 5G तक आवाज और डेटा सेवाओं की वास्तविक गुणवत्ता जांची गई।

‘हैक द फोर्क’ में 10 राज्यों की 22 टीमों और 90 से अधिक प्रतिभागियों ने वैकल्पिक प्रोटीन क्षेत्र की चुनौतियों पर 24 घंटे काम किया।

आईआईटी दिल्ली के ETD-2026 सम्मेलन में वाणी से पाठ, अनुवाद, OCR और बड़े अकादमिक दस्तावेजों के बहुभाषी रूपांतरण का प्रदर्शन किया गया।

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के दस शोध संस्थान AcSIR से जुड़ेंगे; वायुमंडल, महासागर और ध्रुवीय विज्ञान में शोध सुविधाओं व अकादमिक ढांचे को साझा किया जाएगा।

एसटीपीआई सम्मेलन में सुलभ स्वास्थ्य सेवाओं, क्लिनिकल निर्णय, रिमोट निगरानी और शोध को व्यावहारिक समाधान तक ले जाने पर चर्चा हुई।

पुणे में 150 से अधिक प्रतिनिधियों ने मौसम डेटा, जल संसाधन, कृषि, ऊर्जा और आपदा जोखिम के लिए क्षेत्रवार जरूरतों पर चर्चा की।

85 से अधिक अधिकारियों ने भाग लिया; संदिग्ध लिंक, ओटीपी मांगने वाले संदेश और पुराने उपकरणों के निपटान पर चर्चा

निवेश प्रस्तावों के साथ संसाधनों, पर्यावरण और स्थानीय बुनियादी ढांचे का आकलन करने पर जोर

येटी नामक स्वदेशी VTOL प्लेटफॉर्म को TRL-4 से TRL-9 तक ले जाने की योजना; कुल परियोजना लागत 302 करोड़ रुपये।

मोहाली के वैज्ञानिकों ने जैव-अवक्रमणीय PLA और जिंक ऑक्साइड को जोड़ा; मशीन लर्निंग से उपचार के मानकों का अनुमान लगाया गया।

टीडीबी के साथ समझौते के तहत ₹172 करोड़ की परियोजना आगे बढ़ेगी; परीक्षण की तैयारी और वैज्ञानिक सत्यापन अभी विकास प्रक्रिया का हिस्सा हैं।

सार्वजनिक स्वास्थ्य आपात स्थितियों के लिए स्वायत्त रोबोट बनाने की प्रतियोगिता; विजेता टीमें जिनेवा फाइनल में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी।

टीडीबी और बेंगलुरु की बिगएंडियन सेमीकंडक्टर्स के बीच करार; 260 करोड़ रुपये की वीरएआई परियोजना में तकनीक का विकास और परीक्षण होगा।

बोर्ड के मुताबिक, 30 सितंबर तक मिले प्रस्तावों का मूल्यांकन होने के बाद आमंत्रण दोबारा खुलेगा; तारीख अभी नहीं बताई गई।

जीएआरसी को पीएम ई-ड्राइव के तहत 221.13 करोड़ रुपये आवंटित; उपकरण लगाने का काम शुरू हुआ।

तमिल, तेलुगु, मराठी, बंगाली और असमिया पाठकों के लिए प्रकाशन; अनुवाद के साथ मूल लेख भी शामिल होंगे।

भारतीय और अमेरिकी शोधकर्ताओं को जेट की दिशा में मजबूत संकेत मिला; निष्कर्ष तारों के निर्माण की प्रक्रिया समझने में उपयोगी हो सकते हैं।

वाहन परीक्षण केंद्र के विस्तार के साथ कृषि उपकरणों की जांच पर जोर; पीएम ई-ड्राइव पर उद्योग संवाद भी हुआ।

ग्राहक रेटिंग और प्रमाणपत्र देख सकेंगे; संपत्ति प्रबंधकों को आवेदन से मूल्यांकन तक एक ही मंच मिलेगा।

फोटॉन पथों पर आधारित प्रयोग में लगभग 1.17 का माप दर्ज हुआ; शोधकर्ताओं ने सामान्य प्रायिकता से इसका अंतर स्पष्ट किया।

दक्षिण मध्य रेलवे ने लगभग 108 रूट किलोमीटर पर पुराने संस्करण से नई प्रणाली की ओर बदलाव किया।